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रेरा कानून से उपभोक्ता और बिल्डर्स दोनों के हित सुरक्षित होंगे: कौशिक

 देहरादून। प्रदेश के शहरी विकास मंत्री मदन कौशिक ने रेरा कानून पर जागरूकता के उदेश्य से आयोजित कार्यशाला में कहा कि इस कानून से उपभोक्ता और बिल्डर्स दोनों के हित सुरक्षित होंगे। जिन लोगों ने रेरा कानून के तहत अपना रजिस्ट्रेशन करा लिया है, उन्हें कानून की खूबीयों का भी पता चल गया है। 

यहां एक होटल में आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि रियल एस्टेट से जुड़े लोगों को इस कानून के तहत अपना रजिस्टे्रशन कराया जाना आवश्यक है। इस सुविधा से कोई चाहकर भी वंचित नहीं हो सकता है। जितना जल्दी इस कानून से जुड़ा जायेगा उतना ही अधिक फायदा में नजर आयेगा और देरी करने पर समस्या उत्पन होगी। इस कानून के तहत सुविधा हेतु हैल्प डेस्क बनाया जायेगा और टोल फ्री नम्बर भी रखा जायेगा। कानून के विषय में जानकारी देने के उधमसिंह नगर, देहरादून, हरिद्वार में कार्यशाला आयोजित की जा रही है और यदि आवश्यकता पढेगी तो अधिकारियों की  टीम जनपद स्तर पर भ्रमण करेगी ताकि बिल्डर्स के सभी जिज्ञासा का समाधान किया जा सके। अभी तक रेरा कानून के तहत 168 डेवलपर्स एवं 40 एजेंट ने इस कानून के तहत रजिस्ट्रेशन कराया है। केन्द्रीय मानक के अनुसार रजिस्ट्रेशन की अवधि समान्त होने के बाद भी राज्य सरकार उपभोक्ता एवं बिल्डर्स के हितों की सुरक्षा हेतु रजिस्ट्रेशन अवधि नये आवेदकों हेतु बढ़ाने पर भी विचार करेगी।  
 
उन्होंने कहा राज्य सरकार का लक्ष्य 2022 के पहले एक आवासहीन वर्ग के लिए एक लाख मकानों का निर्माण करना है। रेरा कानून से जोडक़र प्राइवेट बिल्डर्स के सहयोग से इस लक्ष्य को आसानी से पूरा किया जा सकता है। उन्होंने कहा टाटा जैसी बड़ी कम्पनी उत्तरखण्ड में 5 हजार आवास निर्माण की इच्छा व्यक्त की है। एचडीएफसी बैंक द्वारा आयोजित कार्यशाला में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 4 लाभार्थियों को 1 लाख से 2 लाख के बीच  का प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास ऋण पर सब्सडी का चैक प्रधान किया गया। इन में अतुल तिवारी एवं नवीन चन्द्र को हरिद्वार जनपद से तथा प्रमोद उनियाल एवं प्रदीप चौधरी को देहरादून जनपद से चयनित किया गया है। नगर विकास मंत्री ने कहा जीएसटी, रेरा कानून एवं स्वच्छ भारत मिशन केन्द्र सरकार व राज्य सरकार दोनों की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा उत्तराखण्ड राज्य बिजनेस एवं उद्योग के लिए सामाजिक सुरक्षा की दृष्टि से सर्व श्रेष्ठ राज्य है। उन्होंने कहा हम सामाजिक सुरक्षा में नम्बर वन हैं। यदि कही सामाजिक सुरक्षा की दृष्टि से कोई शिकायत मिलती है तो इस पर सख्ती से तत्काल कारवाई की जायेगी। बैठक में उपाध्यक्ष एमडीडीए विनय शंकर, सचिव एमडीडीए प्रकाश चन्द्र दुमका, अपर सचिव आवास सुनील पांथरी, एचडीएफसी प्रमुख रामेन्द्र सिंह, प्रोग्राम मैनेजर कैलाश पाण्डेय सहित विभिन्न बिल्डर्स के प्रतिनिधि मौजूद रहे।

Update on: 08-08-2017

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