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पहाड़ों में नहीं रहेगी पार्किंग की दिक्कत

देहरादून। राज्य के पर्वतीय क्षेत्रों में अब पार्किंग की दिक्कत नहीं होगी। सरकार पांच जिलों में 50 करोड़ रुपये की लागत से 22 पार्किंग सेंटरों का निर्माण कराने जा रही है। इसके तहत कुछ नए पार्किंग सेंटर बनेंगे जबकि कुछ पुराने पार्किंग सेंटरों का विस्तार किया जाएगा। पार्किंग सेंटर के लिए स्थान का चयन होने के बाद अब लोनिवि ने निर्माण की तैयारी शुरू कर दी है।

 
केंद्र सरकार ने वर्ष 2013 की आपदा के बाद पार्किंग के लिए राज्य को पचास करोड़ रुपये का बजट मंजूर किया था। राज्य सरकार ने इस पैसे से गोविंद घाट के पास मल्टी स्टोरी पार्किंग का निर्माण कराने का निर्णय लिया। लोनिवि के भूगर्भीय सर्वे में वहां जमीन उपयुक्त नहीं पाई गई। इसके बाद पार्किंग निर्माण का प्रस्ताव लटक गया था। बाद में सरकार ने एक ही स्थान पर बड़ी पार्किंग की बजाए कई स्थानों पर पार्किंग बनाने का निर्णय लिया। 
मुख्य सचिव की अध्यक्षता में गठित हाई पावर कमेटी ने इसकी संस्तुति दी तो आपदा प्रभावित जिलों के जिला अधिकारियों से पार्किंग के लिए प्रस्ताव मांगे गए। सचिव आपदा प्रबंधन अमित नेगी ने बताया कि जिला अधिकारियों ने प्रस्ताव दे दिए हैं। पांच जिलों से कुल 22 पार्किंग स्थलों के प्रस्ताव आए हैं जहां निर्माण प्रक्रिया शुरू की जा रही है।
 
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चारधाम आने वाले यात्रियों को मिलेगी राहत 
पहाड़ पर पार्किंग का सबसे ज्यादा फायदा चारधाम यात्रियों को होगा। चारधाम यात्रा पर हर साल लाखों तीर्थयात्री आते हैं। पार्किंग की सुविधा न होने से उन्हें बहुत परेशानी होती है। साथ ही गंगोत्री, यमुनोत्री, बद्रीनाथ और केदारनाथ मार्ग पर लंबा जाम लगता है। पार्किंग बनने के बाद यह स्थिति काफी हद तक दूर हो हो जाएगी।  

Update on: 08-08-2017

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